आ आ आ आ आ आ
कभी ख़ुशी कभी ग़म
ना जुदा होंगे हम
कभी ख़ुशी कभी ग़म
क्या बेबसी हैं ये
क्या मजबूरियां
हम पास हैं फिर भी
कितनी हैं दूरियां
हो क्या बेबसी हैं ये
क्या मजबूरियां
हम पास हैं फिर भी
कितनी हैं दूरियां
जिस्म तू जान में
तेरी पहचान में
मिलके भी ना मिले
ये हैं कैसा भरम
ये है तेरे करम
कभी ख़ुशी कभी ग़म
ना जुदा होंगे हम
कभी ख़ुशी कभी ग़म